| जे न देखे रवी... |
ती स्वप्नसुंदरी |
गंगाधर मुटे |
| जे न देखे रवी... |
विलास तो गेला, गेला, तिला भेटण्याला |
केसुरंगा |
| जे न देखे रवी... |
संस्थळी प्रतिसाद देता |
शुचि |
| जे न देखे रवी... |
अघटीत |
निमिष सोनार |
| जे न देखे रवी... |
((बट डोईवरि बट झुलते तरी)) |
मराठमोळा |
| जे न देखे रवी... |
मंद जाहल्या तारका..... |
निरन्जन वहालेकर |
| जे न देखे रवी... |
माझ्या अंगामधी भिनलाय वादळी वारा |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
(बट डोईवरि बट झुलते तरि) |
राजेश घासकडवी |
| जे न देखे रवी... |
सभ्यतेची अभिरूची : नागपुरी तडका |
गंगाधर मुटे |
| जे न देखे रवी... |
..... बाकी सगळं ठीक आहे ! |
मनीषा |
| जे न देखे रवी... |
(प्रार्थना) |
चतुरंग |
| जे न देखे रवी... |
हातचा |
स्वाती फडणीस |
| जे न देखे रवी... |
माहेराची आटवण येई |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
माझे बाबा |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
पाउस आला पाउस आला |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
अरे देवा मी काही सुखी नाही |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
मी पहात होतो दूर... |
भारतीय |
| जे न देखे रवी... |
फिनिक्स |
निरन्जन वहालेकर |
| जे न देखे रवी... |
लावणी : आसं कसं वो तुमी मर्द गडी |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
पाध्यांचे मनोगत |
नितिन थत्ते |
| जे न देखे रवी... |
<शीघ्र कवीची एक कविता> |
विजुभाऊ |
| जे न देखे रवी... |
हा तोच किनारा फिरतो मी |
राजेश घासकडवी |
| जे न देखे रवी... |
देवा एक माझे | पुरवावे कोड | |
सागरलहरी |
| जे न देखे रवी... |
नका जावू अशा पावसात |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
नव्या वर्षाची गुढी उभारू चला |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
आठवण आणि …… |
निरन्जन वहालेकर |
| जे न देखे रवी... |
पाऊस आला |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
(अवलिया रुप) |
केसुरंगा |
| जे न देखे रवी... |
(केव्हा तरी पहाटे) |
llपुण्याचे पेशवेll |
| जे न देखे रवी... |
<अवलियाचे रूप> |
परिकथेतील राजकुमार |