| जनातलं, मनातलं |
लिलाव |
योगेश पितळे |
| जे न देखे रवी... |
असाध्य स्वार्थ...! |
वेणू |
| काथ्याकूट |
राजधानीत अभिषेक! |
हुप्प्या |
| जनातलं, मनातलं |
देस-परदेस |
बहुगुणी |
| काथ्याकूट |
सत्काराची शाल कशी असावी? |
विटेकर |
| जे न देखे रवी... |
बळी राजाच देण ह्याजन्मि तरी फीटणार नाही. |
निश |
| जे न देखे रवी... |
शूरवीर |
निश |
| काथ्याकूट |
ज्योतिष- पलभरके लिए कोई हमे प्यार कर दे झूटाही सही! |
प्रकाश घाटपांडे |
| जे न देखे रवी... |
उबेची पाखर... |
वेणू |
| कलादालन |
बारवीचे जंगल व आक्षीचा समुद्र.. |
शैलेन्द्र |
| जे न देखे रवी... |
स्वप्नचित्र... |
सांजसंध्या |
| कलादालन |
खरबुजाचा आस्वाद |
सर्वसाक्षी |
| कलादालन |
कोस्टर्स |
जयवी |
| जे न देखे रवी... |
जगणे असेच का असते? |
निश |
| जनातलं, मनातलं |
गर्भातील चिमुकलीचे काही अनुत्तरीत प्रश्न..... |
अमितसांगली |
| जे न देखे रवी... |
ते एक घर... |
निश |
| जे न देखे रवी... |
नभांगण...!! |
वेणू |
| जनातलं, मनातलं |
मि .पा. करांची कविता...... |
पियुशा |
| जे न देखे रवी... |
म्याबी कवि होनार |
दादा कोंडके |
| जे न देखे रवी... |
काशीबाई काशीबाई |
पाषाणभेद |
| जे न देखे रवी... |
मी पप्पा |
पाषाणभेद |
| काथ्याकूट |
बायका आणि अंनिस!!! |
पिवळा डांबिस |
| जे न देखे रवी... |
ती वेळ निराळी होती . . . .. |
अरूण म्हात्रे |
| जनातलं, मनातलं |
चुकवू नये अशी - कहानी |
नगरीनिरंजन |
| जे न देखे रवी... |
रक्तगंध |
प्रचेतस |
| काथ्याकूट |
महासंपन्न महाराज्ञी! |
हुप्प्या |
| जनातलं, मनातलं |
'डर्टी पिक्चर' : उलाला...उलाला...उलाला...उलाला |
सोत्रि |
| जनातलं, मनातलं |
सेवा - एक आंदोलन |
विश्वास कल्याणकर |
| जे न देखे रवी... |
तेव्हा येईल अर्थ खरा जगण्याला |
गोंधळी |
| जे न देखे रवी... |
खेळ नियतींचा |
अविनाशकुलकर्णी |