| काव्य |
निरवानिरव |
रामदास |
| काव्य |
फाऊंटन पेन! |
स्वाती फडणीस |
| काव्य |
(जाणिव) |
राघव |
| काव्य |
धनाढ्य एकवीशी |
अरुण मनोहर |
| काव्य |
माझी कविता |
चन्द्रशेखर गोखले |
| काव्य |
जाणीव |
मनीषा |
| काव्य |
उमेद |
फटू |
| काव्य |
मध्यान |
श्रीकृष्ण सामंत |
| काव्य |
गलबत किना-याकडे... |
फटू |
| काव्य |
आत्मसमर्पण |
चन्द्रशेखर गोखले |
| काव्य |
स्मरण! |
पिवळा डांबिस |
| काव्य |
पाऊस |
अनिरुध्द |
| काव्य |
(कविता म्हणजे रे काय?........ भाऊ ) |
फटू |
| काव्य |
..बाकी खरंच काही नाही |
पद्मश्री चित्रे |
| काव्य |
काळ थांबला कधीचा... |
राघव |
| काव्य |
* महामानव गांधी* |
अनिरुद्धशेटे |
| काव्य |
म्रुगजल |
सचिन जाधव |
| काव्य |
गांधी जयंति निमित्ताने (आम्हि कपाळ करंटे महात्माजींची क्षमा मागतो) |
चन्द्रशेखर गोखले |
| काव्य |
अन परतवून टाक त्या आठवणी |
श्रीकृष्ण सामंत |
| काव्य |
बुद्धिबळाच्या युद्धपटावर! |
सचिन जाधव |
| काव्य |
ओढ परतीची |
अनिरुध्द |
| काव्य |
थिजली गात्रं (आणि विवाद) |
चतुरंग |
| काव्य |
कोण खरी |
निखिलचं शाईपेन |
| काव्य |
भेसूर रात्र (आणि आस्वाद) |
लिखाळ |
| काव्य |
बंदिनी |
जयवी |
| काव्य |
स्वप्नसुंदरी |
अनिरुद्धशेटे |
| काव्य |
चल ग सजणे |
विनायक प्रभू |
| काव्य |
मित्राच्या निमीत्ताने... |
रामदास |
| काव्य |
प्रिय मित्रा! |
नीधप |
| काव्य |
मम सुखाची ठेव... |
विसोबा खेचर |