जुनाच पण सदाबहार खेळ !! इच्छुकांनी सहभागी व्हावे......
मेरे मेहबूब कयामत होगी....
आज रुसवा तेरी गलियोमे मोहब्बत होगी...
मे री न ज रे तो गि ला क र ती है....
तेरे दिल को भी सनम तुझसे शिकायत होगी....
पुढचे अक्षर "ग"....
काव्यरस
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बरं झालं.
In reply to अरे अक्षर काय आलंय मुलांनो. by प्यारे१
ईश्क मे...
ईश्क मे...
वरच्या गान्यात त्यो कोन शौकत
In reply to ईश्क मे... by चांदणे संदीप
वाह वाह, काय गाणं होतं ते....
In reply to ईश्क मे... by चांदणे संदीप
बक्षीसाचे पुस्तक तर मिळाले
In reply to वाह वाह, काय गाणं होतं ते.... by प्यारे१
आता गपतु का?
In reply to बक्षीसाचे पुस्तक तर मिळाले by अभ्या..
मामा...
In reply to वाह वाह, काय गाणं होतं ते.... by प्यारे१
पानी पाजू का? ;)
In reply to मामा... by चांदणे संदीप
आसं बोलतात का...
In reply to पानी पाजू का? ;) by प्यारे१
है अगर दुश्मन दुश्मन
हमको तो यारा...
In reply to है अगर दुश्मन दुश्मन by एक एकटा एकटाच
हमको तो यारा...
हमको तो यारा...
दमादम मस्त कलंदर......
रात के हमसफर
कोई हमदम ना रहा
हमने तुमको देखा तुमने हमको
सारा प्यार तुम्हारा...
मै ना भुलुंगा मै ना भुलुंगी
गुनगुना रहे है भवर खिल रही है
लागा चुनरी ना दाग छिपाऊं कैसे
गैरो पे करम अपनोंपे सीतम
रूक जाना ओ जाना हमसे दो बाते
ना जाने कहा से आई है
किसका रस्ता देखे
इन दिनों दिल मेरा मुझसे है कह
तेरे दर पर सनम चले आये है तु न आया तो
In reply to इन दिनों दिल मेरा मुझसे है कह by नीलमोहर
इससे पहले के हमपे हंसती रात
In reply to तेरे दर पर सनम चले आये है तु न आया तो by मारवा
दिल को धड़का लगा था, पल पल का
In reply to इससे पहले के हमपे हंसती रात by नीलमोहर
तुही रे तुहीरे
रैना बीती जाए
ऐ दिल मुझे बतादे
हाल ए दिल तुझको सुनाता
तु रे तु तु
तु तु तु तु तु तारा
रिमझिम के तराने लेके आयी
ताकते रहते तुझको सांझ सवेरे
रंगीला रेतेरे रंग मे यु रंगा
नीले नीले अंबर पर चाँद जब आए
झालंय हे....
In reply to नीले नीले अंबर पर चाँद जब आए by Gayatri Muley
रिपीट पण होतायत. जवळ जवळ १५०
In reply to झालंय हे.... by माम्लेदारचा पन्खा
ए काश के हम होश में अब आने न
नही ये हो नही सकता के तेरी
ए दिल है मुश्किल जीना यहा
नखरेवाली... नखरेवाली...
लो चली मैं अपने देवर की बारात
मैं अगर कहूं तुमसा हसीं
या गाण्याची सुरवात
In reply to मैं अगर कहूं तुमसा हसीं by नीलमोहर
है ना बोलो बोलो
लागी छूटे ना, अब तो सनम
लेकर हम दिवाना दिल
मैय्या मोरी मै नही माखन खायो
याद आ रही है, तेरी याद आ रही
है अगर दुश्मन दुश्मन ज़माना
हमने तुम को देखा तुमने हमको
साँझ ढले, गगन तले हम कितने
ख किंवा क घ्या
In reply to साँझ ढले, गगन तले हम कितने by पद्मावति
कोयलसी तेरी बोली कुक कु कु कु
गुलमोहर गर तुम्हारा नाम होता
खोया खोया चाँद
देखने मे भोला है दिल का सलोना
तोफा तोफा तोफा तोफा
यूँ तो हम ने लाख हसीं देखे
खंबे जैसी खडी है लडकी है या
यारा सिली सिली बिरहा की रात
ना कोई उमंग है
हर किसीको नही मिलता यहां
मै शायर बदनाम मै चला मै चला
लिख्खा हय ये इन हवां पे
एक रास्ता है जिंदगी जो थम गए
ए दिल लाया है बहार अपनों का
रुक रुक रुक रुक
ना कजरेकी धार ना मोतीयोंके
ना तू जमी के लिए
आर्र…
In reply to ना तू जमी के लिए by चांदणे संदीप
ए मेरे प्यारे वतन
मुझे कुछ कहना है
अक्सर एक लडका
In reply to मुझे कुछ कहना है by प्यारे१
मेरेे तेरे नाम नए हैं
मै जिदगीका साथ निभाता चला गया
यारों दोस्ती बड़ी ही हसीन हैं
रामा रामा हाय रामा रामा
इ नोय चौल्बे. दोन ओळी तरी
आता ममता कुलकर्णी ला कुर्तीचं
In reply to इ नोय चौल्बे. दोन ओळी तरी by रातराणी
मैं कोई ऐसा गीत गाऊँ के आरजू
हाय रामा ये क्या हुआ क्यों
हम छोड़ चले है महफ़िल को
ना ना ना ना ओह ना जी ना ना
नी मै समझ गई