जुनाच पण सदाबहार खेळ !! इच्छुकांनी सहभागी व्हावे......
मेरे मेहबूब कयामत होगी....
आज रुसवा तेरी गलियोमे मोहब्बत होगी...
मे री न ज रे तो गि ला क र ती है....
तेरे दिल को भी सनम तुझसे शिकायत होगी....
पुढचे अक्षर "ग"....
गीत गाता हूँ मैं, गुनगुनाता हूँ मैं
मैने हँसने का वादा किया था कभी
इसलिए अब सदा मुस्कुराता हूँ मैं
ये मोहब्बत के पल कितने अनमोल हैं
कितने फूलों से नाज़ूक मेरे बोल हैं
सब को फूलों की माला पहनाता हूँ मैं
मुस्कुराता हूँ मैं ...
रोशनी होगी इतनी किसे थी खबर
मेरे मन का ये दर्पण गया है निखर
साफ़ है अब ये दर्पण दिखाता हूँ मैं
मुस्कुराता हूँ मैं ...
म
गज़ब का है दिन सोचो ज़रा, ये दीवानापन देखो ज़रा
तुम हो अकेले, हम भी अकेले, मज़ा आ रहा है, कसम से
देख लो हमको करीब से, आज हम मिले हैं नसीब से
ये पल फिर कहाँ और ये मंज़िल फिर कहाँ
क्या कहूँ मेरा जो हाल है, रात दिन तुम्हारा ख़याल है
फिर भी जान-ए-जां, मैं कहाँ और तुम कहाँ
काहीही ह श्री
ह
लाल छड़ी मैदान खड़ी क्या खूब लड़ी क्या खूब लड़ी हम दिल से गये,
होय्य्य्य्य्य्य्य्य्य्य्य...
हम दिल से गये, हम जान से गये बस आँख मिली और बात बढ़ी.
लाल छड़ी मैदान खड़ी क्या खूब लड़ी क्या खूब लड़ी
ड
डम डम डिगा डिगा, मौसम भीगा भीगा
बिन पिये मैं तो गिरा, मैं तो गिरा, मैं तो गिरा, हाए अल्ला
सूरत आप की सुभान अल्ला
तेरी अदा वाह वाह क्या बात है
अखियाँ झुकी झुकी, बातें रुकी रुकी
देखो कोई रे आज लूट गया, हाए अल्ला ...
सनम हम माना गरीब है
नसीबा खोटा सही, बंदा छोटा सही
दिल ये खज़ाना है प्यार का, हाए अल्ला ...
तेरी कसम तू मेरी जान है
मुखड़ा भोलाभाला, छूपके डाका डाला
जाने तू कैसी मेहमान है, हाए अल्ला ...
फिरसे ले
ल
बाहों के दरमियाँ, दो प्यार मिल रहे है
जाने क्या बोले मन, डोले सुन के बदन, धड़कन बनी ज़ुबां
खुलते बंद होते, लबो की ये अनकही
मुझ से कह रही है के बढ़ने दे बेखुदी
मिल यूँ के दौड़ जाए, नस नस में बिजलियाँ
आसमान को भी ये हसीं राज है पसंद
उलझी उलझी साँसों की आवाज है पसंद
मोती लूटा रही है सावन की बदलियाँ
य
ये रातें, ये मौसम, नदी का किनारा, ये चंचल हवा
कहा दो दिलों ने, के मिलकर कभी हम ना होंगे जुदा...
ये क्या बात है, आज की चाँदनी में
के हम खो गये, प्यार की रागनी में
ये बाहों में बाहें, ये बहकी निगाहें
लो आने लगा जिंदगी का मज़ा
ये रातें, ये मौसम, नदी का किनारा, ये चंचल हवा
कहा दो दिलों ने, के मिलकर कभी हम ना होंगे जुदा.
हमें तुम से प्यार कितना, ये हम नहीं जानते
मगर जी नहीं सकते, तुम्हारे बिना
सुना गम जुदाई का उठाते हैं लोग
जाने जिन्दगी कैसे बिताते हैं लोग
दिन भी यहाँ तो लगे बरस के समान
हमें इंतज़ार कितना ये हम नहीं जानते
मगर जी नहीं सकते, तुम्हारे बिना
तुम्हें कोई और देखे तो जलता है दिल
बड़ी मुश्किलों से फिर संभलता है दिल
क्या, क्या जतन करते हैं तुम्हे क्या पता
ये दिल बेकरार कितना ये हम नहीं जानते
मगर जी नहीं सकते, तुम्हारे बिना
न
हमें तोह लुट लिया मिल के हुस्नवालो ने
काले काले बालो ने, गोरे गोरे गालो ने
नजर में शोकिया और बचपना शरारत में
अदाए देखके हम फँस गए मोहब्बत में
हम अपनी जान से जायेंगे जिनकी उल्फत में
यकीन है की ना आएंगे वोह ही मैयत में
तोह हम भी कह देंगे, हम लुट गए शराफत में
वही वही पे क़यामत हो वोह जिधर जाये
झुकी झुकी हुयी नजरो से कम कर जाये
तडपता छोड़ दे रस्ते में और गुजर जाये
सितम तोह यह है की दिल ले ले और मुकर जाये
समझ में कुछ नहीं आता की हम किधर जाये
यही इरादा है यह कहके हम तोह मर जाये
वफ़ा के नाम पे मारा है बेवफाओ ने
की दम भी हमको ना लेने दिया जफ़ाओ ने
खुदा भुला दिया इन हुस्न के खुदाओ ने
मिटा के छोड़ दिया इश्क की खताओ ने
उडाये होश कभी जुल्फ की हवा ने
हयाए नाज़ ने लुटा कभी अदाओ ने
हजार लुट गए नजरो के इक इशारे पर
हजारो बह गए तूफान बनके धारे पर
ना इनके वादों का कुछ ठीक है ना बातो का
फ़साना होता है इनका हजार रातो का
बहुत हसीन है वैसे तोह भोलापन इनका
भरा हुवा है मगर ज़हर से बदन इनका
यह जिसको काट ले पानी वोह पी नहीं सकता
दावा तोह क्या है दुआ से भी जी नहीं सकता
इन्हीं के मारे हुए हम भी हैं ज़माने में
है चार लफ्ज़ मोहब्बत के इस फ़साने में
जमाना इनको समझता है नेक और मासूम
मगर यह कहते हैं क्या है किसीको क्या मालूम
इन्हें ना तीर ना तलवार की जरुरत है
शिकार करने को काफी निगाहे उल्फत हैं
हसीन चाल से दिल पायमाल करते हैं
नजर से करते हैं बातें कमाल करते हैं
हर एक बात में मतलब हजार होते हैं
यह सीधे सादे बड़े होशियार होते हैं
खुदा बचाए हसीनो की तेज चलो से
पड़े किसी का भी पाला ना हुस्न वालो से
हुस्नवालो में मोहब्बत की कमी होती है
चाहनेवालो की तक़दीर बुरी होती है
इनकी बातो में बनावट ही बनावट देखी
शर्म आँखों में निगाहों में लगावट देखी
आग पहले तोह मोहब्बत की लगा देते हैं
अपनी रुकसार का दीवाना बना देते हैं
दोस्ती कर के फिर अंजन नजर आते हैं
सच तोह यह है की बेईमान नजर आते हैं
मौत से कम नहीं दुनिया में मुहब्बत इनकी
जिन्दगी होती बरबाद बदौलत इनकी
दिन बहारो के गुजरते हैं मगर मर मरके
लुट गए हम तोह हसीनो पे भरोसा कर के
क घ्या
क
गुनगुना रहे हैं भँवरें, खिल रही हैं कली कली
गली गली, कली कली
ज़रा देखो सजन बेईमान भँवरा कैसे मुस्काये
हाए, कली यूँ शरमाये, घूघंट में गोरी जैसे छुप जाये
रुत ऐसी हाय कैसी, ये पवन चली गली गली
किसी को क्या कहे, हम दोनो भी हैं देखो कुछ खोये
ओये, हुआ क्या ओये ओये, जागे जिया में अरमान सोये
रुत ऐसी हाय कैसी, ये पवन चली गली गली
सुनो, पास ना आओ, कली के बहाने प्यार ना जताओ
जाओ, चलो बात ना बनाओ, भँवरें के बहाने आँख ना लड़ाओ
रुत ऐसी हाय कैसी, ये पवन चली गली गली
ल घ्या
ल
गली में मारे फीरे
पास आने को मेरे
कभी फड़कता नैन मेरे तो
कभी फड़कता तोरे
कभी फड़कता नैन मेरे तो
कभी फड़कता तोरे
अम्बरसरिया..मुंडयावे कचिया कलियाँ ना तोड़
अम्बरसरिया..मुंडयावे कचिया कलियाँ ना तोड़
तेरे माँ ने बोले हैं मुझे तीखे से बोल
तेरे माँ ने बोले हैं मुझे तीखे से बोल
अम्बरसरिया..
हो अम्बरसरिया..
गोर गोर मेरे कलाई
गोर गोर मेरे कलाई
चूड़ियाँ काली काली
मैं शर्माती रोज़ लगाती
काजल सुरमा लाली
नहीं मैं सुरमा पाडा
रूप ना मैं चमकाना
नहीं मैं सुरमा पाडा
रूप ना मैं चमकाना
नैन नशीली हूँ अगर तो
सुरमे दी की लोड
अम्बरसरिया..मुंडयावे कचिया कलियाँ ना तोड़
अम्बरसरिया..मुंडयावे कचिया कलियाँ ना तोड़
तेरे मान ने बोले हैं मुझे तीखे से बोल
तेरे मान ने बोले हैं मुझे तीखे से बोल
अम्बरसरिया..
अम्बरसरिया
ये हसीन वादियां, ये खुला आसमां
आ गये हम कहाँ ऐ मेरे साजना
इन बहारों में दिल की कली खिल गयी
मुझ को तुम जो मिले हर खुशी मिल गयी
तेरे होठों पे हैं, हुस्न की बिजलियाँ
तेरे गालों पे हैं, जुल्फ की बदलियाँ
तेरे दामन की खुशबू से महके चमन
संगेमरमर के जैसा ये तेरा बदन
मेरी जान-ए-जां, मैं तेरी चाँदनी
छेड़ लो तुम आज कोई प्यार की रागिनी
ये हसीन वादियां, ये खुला आसमां
आ गये हम कहाँ, ऐ मेरे साजना
ये बंधन है प्यार का, देखो टूटे ना सजनी
ये जन्मों का साथ है, देखो छूटे ना सजना
तेरे आँचल की छाँव के तले मेरी मंज़िल मुझे मिल गयी
तेरी पलकों की छाँव के तले मोहब्बत मुझे मिल गयी
जी करता है साजना, दिल में तुम को बिठा लूँ
आ मस्ती की रात में, अपना तुम को बना लूँ
उठने लगे हैं तूफान क्यो, मेरे सीने में ऐ सनम
तुम्हे चाहूँगा दिल-ओ-जान से, मेरी जान-ए-जान तेरी कसम
म
ये जो थोडेसे है पैसे खर्च तुमपर करू कैसे
अगर कही दुकान होती जहा पे मिलते गगन के तारे
मै सारे तारे खरीद लेता तुम्हारे आंचल मै टांक देता
मगर क्या करू की मै ये जानता हू तारे मिलते नही ऐसे
ये जो थोडेसे है पैसे खर्च तुमपर करू कैसे
अक्षरः (स)
गोरी तेरा गाव बडा प्यारा
टायमिंग बघा..
गाए जा गीत मिलन के तू अपनी
ये लो मैं हारी पिया, हुई
गीत गाता हूँ मैं, गुनगुनाता हूँ मैं
स्पीड आणि टायमींग मुळे राडा होउन राहीलाय चलो मजा है
माय नी माय मुंढेरपे तेरी बोल
झालंय.
गज़ब का है दिन सोचो ज़रा, ये दीवानापन देखो ज़रा
झालंय
म्हणजे माझ म च चॅलेंज बरकरार है
मेरे मितवा.. मेरे मितरे..
मेरा दिल भी कितना पागल है
दोन दोन गाणी फोडु नका हो..
तिमिन्ग बघा तिमिन्ग. ;)
हमसे क्या भुल हुइ जो ये सजा
मेरे साम ने वाली खिडकी मे एक
म गेलं आता ल आलाय
लाल छड़ी मैदान खड़ी क्या खूब
डम डम डिगा डिगा, मौसम भीगा भीगा
लडकी है क्या रे बाबा
बाहों के दरमियाँ, दो प्यार मिल रहे है
ये रातें, ये मौसम, नदी का
बड़ी मुश्कील है खोया मेरा दिल
अर्र्र
दिल है की मानता नही
हमें तुम से प्यार कितना, ये हम नहीं जानते
न जाने क्यूं होता है ये
यादो की बारात निकली है आज दिलके द्वारे
रुक जाना नही.. तु कही हारके
हमें तोह लुट लिया मिल के हुस्नवालो ने
किसी ना किसीसे कभी ना कभी
गुनगुना रहे हैं भँवरें, खिल रही हैं कली कली
गोरंकी ना कालोंकी दुनीया है
लड़की बड़ी अनजानी है
हुस्न के लाखों रंग कौन सा रंग
गलीमे मारे फेरे पास आनेको
हे कोणता गाण आहे?
णवीन पिक्चर मधलं आहे ते.
छान गाण आहे
बंद पडल मिपा. अक्खी गाणी
य धरुन पुढच गाण ये हसीन वादिया
खरोखर खेळताना पण अक्ख गाणं
साजना 'न' येतोय
साजना 'न' येतोय
ये कहॉ आ गये हम युही साथ चलते चलते
तेरे दरपर सनम
थोडेसे है पैसे
गॅरी ट्रुमन प्लेईंग लेडी
:)