| जे न देखे रवी... |
(छंदात छंद तो प्रवासछंद --) |
अमोल केळकर |
| जे न देखे रवी... |
मिपावर लिहीणं धोक्याचं! |
पिवळा डांबिस |
| जे न देखे रवी... |
उद्वेग विसरून कसं चालेल? |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
(...मी खरा की तू खरा?) |
चतुरंग |
| जे न देखे रवी... |
सांभाळा हो! मला कुणीतरी |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
श्रावण. |
रामदास |
| जे न देखे रवी... |
ही केशरी संध्याकाळ |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
मामाच्या गावाला |
अरुण मनोहर |
| जे न देखे रवी... |
पारिजात |
मृत्युन्जय |
| जे न देखे रवी... |
( जाता दुरदेशी सुख वाटे जीवा -) |
अमोल केळकर |
| जे न देखे रवी... |
खुषी न मिळता मिळते रुसणे |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
(आता कशाला उड्याची बात!) |
चतुरंग |
| जे न देखे रवी... |
पोचलो का आपण? |
धनंजय |
| जे न देखे रवी... |
पडक्या घरास माझ्या |
suralesandip |
| जे न देखे रवी... |
भुंगा |
आनंदयात्री |
| जे न देखे रवी... |
दोष होता केला मी तो चुकून |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
मोनालीसा |
कौस्तुभ |
| जे न देखे रवी... |
चिंब पावसात तू न्हात असशील... |
फटू |
| जे न देखे रवी... |
परतुनी येईन मी.... |
अजिंक्य |
| जे न देखे रवी... |
लळा जिव्हाळा शब्दच मोठे |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
खणले रे पथ |
हेरंब |
| जे न देखे रवी... |
रासलीला |
पुष्कराज |
| जे न देखे रवी... |
अळकुळी तनु |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
नको म्हणू रे मनुजा! |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
संता आणी बंता |
अमोल केळकर |
| जे न देखे रवी... |
जखम मनाची ताजी असता |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
तुझी याद.. |
पद्मश्री चित्रे |
| जे न देखे रवी... |
नभी चांदणे...(गझल) |
पद्मश्री चित्रे |
| जे न देखे रवी... |
तत्व माझे सोडणार नाही |
श्रीकृष्ण सामंत |
| जे न देखे रवी... |
तारीफ करू का त्याची |
श्रीकृष्ण सामंत |