| काव्य |
आकाशलक्षी |
अज्ञातकुल |
| काव्य |
लष्करी हुकूम अर्थात आर्मी कमांड्स |
पाषाणभेद |
| काव्य |
नको रे दिवा |
पाषाणभेद |
| काव्य |
हृदय तोड दे - दगा जर दिला - कारावके |
गंगाधर मुटे |
| काव्य |
थांब जरासा.. |
राघव |
| काव्य |
(ती येते आणिक जाते ) |
अरुण मनोहर |
| काव्य |
म्हाळसादेवी म्हाळसाकोर्याची |
पाषाणभेद |
| काव्य |
तोल हा मनाचा तू जरा सावर रे. |
santosh waghmare |
| काव्य |
कोंबडी म्हणाली कोंबड्याला |
विदेश |
| काव्य |
बासूंदी गोड गोड |
पाषाणभेद |
| काव्य |
(प्रेमी)युगुलगीत: तुझी माझी प्रित जमली |
पाषाणभेद |
| काव्य |
उद्याची बात का करु मी |
santosh waghmare |
| काव्य |
ती येते आणिक जाते |
अरुण मनोहर |
| काव्य |
रोज मरतो |
निश |
| काव्य |
मी हा गेम पूर्ण खेळणार.. |
ajay wankhede |
| काव्य |
काय करावे या किड्याला ? |
अत्रुप्त आत्मा |
| काव्य |
मागे वळुन बघायच नाही |
निश |
| काव्य |
आठवतोस तू .....!! |
फिझा |
| काव्य |
एकी १ |
लीलाधर |
| काव्य |
दत्त दत्त बोलत गेलो |
पाषाणभेद |
| काव्य |
कळीकाळानं असला कसला मौका साधला |
पाषाणभेद |
| काव्य |
तोच थंडगार भात |
विदेश |
| काव्य |
आरसा |
निश |
| काव्य |
शिदोरी |
अरुण मनोहर |
| काव्य |
चालू नको अशी तू |
पाषाणभेद |
| काव्य |
भेट |
santosh waghmare |
| काव्य |
ती पण माझ्यावर प्रेम करेल का...? |
अन्नू |
| काव्य |
आठवणीने दे !! |
फिझा |
| काव्य |
विधिलेशा |
अज्ञातकुल |
| काव्य |
वोडार |
ajay wankhede |