| स्पर्धा |
शशक'२००२ - टेडी बेअर |
साहित्य संपादक |
| जनातलं, मनातलं |
सैराटच्या निमित्ताने.... |
मुक्त विहारि |
| जनातलं, मनातलं |
विनिपेग डायरीज-२ |
राजेंद्र मेहेंदळे |
| काथ्याकूट |
१८५७ चे स्वातंत्र्य समर |
रणजित चितळे |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - हाय काय, नाय काय |
साहित्य संपादक |
| जनातलं, मनातलं |
अंतरंग - भगवद्गीता - भाग २ |
शीतलउवाच |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - आंबा |
साहित्य संपादक |
| जनातलं, मनातलं |
अंतरंग - भगवद्गीता - भाग ४ |
शीतलउवाच |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - फ्रॉम डस्क टिल डॉन |
साहित्य संपादक |
| जे न देखे रवी... |
कोण? |
सरीवर सरी |
| जनातलं, मनातलं |
एस.टी.एक आठवण! |
नीलकंठ देशमुख |
| जे न देखे रवी... |
ब्लिडींग हार्ट.... |
कर्नलतपस्वी |
| भटकंती |
काणकोण, दक्षिण गोवा येथे घालवायचे दिवस - काय काय करावे/ करू नये |
शैलेश लांजेकर |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - चॅरिटी |
साहित्य संपादक |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - एका (संभाव्य) विजेत्याची रोजनिशी |
साहित्य संपादक |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - ब्रेकअप |
साहित्य संपादक |
| जे न देखे रवी... |
वसंतात मृगजळ खास |
माहितगार |
| स्पर्धा |
श श क २०२२ -डिलीवरी |
साहित्य संपादक |
| काथ्याकूट |
कुठला टॅबलेट घेऊ? |
कानडाऊ योगेशु |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - पेच |
साहित्य संपादक |
| स्पर्धा |
शशक'२०२२ - तेच तेच पुन्हा पुन्हा |
साहित्य संपादक |
| राजकारण |
India Deserves Better - ५. 'आरे'रावी : आरे जंगल, आदिवासी, न्यायालय आणि राजकारण |
गणेशा |
| जे न देखे रवी... |
कातरवेळ |
VRINDA MOGHE |
| दिवाळी अंक |
दिवाळी अंक २०२१ : बासरी |
किरण कुमार |
| जनातलं, मनातलं |
कुसंगतीत नासला बटाटा |
विवेकपटाईत |
| जनातलं, मनातलं |
कुसंगतीत नासला बटाटा |
विवेकपटाईत |
| जनातलं, मनातलं |
कुसंगतीत नासला बटाटा |
विवेकपटाईत |
| जनातलं, मनातलं |
कुसंगतीत नासला बटाटा |
विवेकपटाईत |
| जे न देखे रवी... |
उष्णकटिबंधीय वसंत |
माहितगार |
| जे न देखे रवी... |
इंद्रजाल |
अनन्त्_यात्री |