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और भी आसार बाकी है

drsunilahirrao · · जे न देखे रवी...
लेखनविषय:
काव्यरस
आखरी हथियार बाकी है (और मेरी हार बाकी है ) खत्म हो जाता नही सबकुछ और भी आसार बाकी है अब जरा इनसे निपटलूं मै मुश्किले दो चार बाकी है दुष्मनोंसे हो चुका मिलना अब तिरा दीदार बाकी है लूट भी लोगे तो क्या लोगे यह पुरा संसार बाकी है डॉ. सुनील अहिरराव (हिंदीतील पहिला प्रयत्न)

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सत्यजित... Wed, 06/21/2017 - 00:34
खत्म हो जाता नही सबकुछ और भी आसार बाकी है>>>सुंदर! अब जरा इनसे निपटलूं मै मुश्किले दो चार बाकी है>>>वाह् व्वा! दुष्मनोंसे हो चुका मिलना अब तिरा दीदार बाकी है>>>बढिया!